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"item_title" : "Kaalikh",
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"item_description" : "कालिख एक ऐसा कविता संग्रह है, जिसमें समाज के उन पहलुओं को छुआ गया है जिन पर अक्सर पर्दा डाल दिया जाता है। शेर, ग़ज़ल, नज़्म और ख़याल के ज़रिए यह किताब उन अनकहे दर्द, धुंधले रिश्तों और गहरे सवालों को उठाती है जिनसे हम नज़रें चुराते हैं।कालिख नाम इसलिए रखा है, क्योंकि यह उन काले धब्बों का प्रतीक है, जो हमारी ज़िंदगी पर लगे होते हैं-जिन्हें लोग देखना नहीं चाहते, लेकिन वो हमेशा मौजूद रहते हैं। यह संग्रह आपको उस स्याह सच्चाई से रूबरू कराएगा, जिससे हम भागते हैं पर बच नहीं सकते।",
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Overview
"""कालिख"" एक ऐसा कविता संग्रह है, जिसमें समाज के उन पहलुओं को छुआ गया है जिन पर अक्सर पर्दा डाल दिया जाता है। शेर, ग़ज़ल, नज़्म और ख़याल के ज़रिए यह किताब उन अनकहे दर्द, धुंधले रिश्तों और गहरे सवालों को उठाती है जिनसे हम नज़रें चुराते हैं।
""कालिख"" नाम इसलिए रखा है, क्योंकि यह उन काले धब्बों का प्रतीक है, जो हमारी ज़िंदगी पर लगे होते हैं-जिन्हें लोग देखना नहीं चाहते, लेकिन वो हमेशा मौजूद रहते हैं। यह संग्रह आपको उस स्याह सच्चाई से रूबरू कराएगा, जिससे हम भागते हैं पर बच नहीं सकते।"
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Details
- ISBN-13: 9789367952016
- ISBN-10: 9367952015
- Publisher: Ukiyoto Publishing
- Publish Date: October 2024
- Dimensions: 8 x 5 x 0.27 inches
- Shipping Weight: 0.29 pounds
- Page Count: 114
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